आदतन तुम ने कर दिये वादे - aadatan tum ne kar diye vaade - गुलजार - Gulzar -Poem Gazal Shayari
आदतन तुम ने कर दिये वादे
आदतन हम ने ऐतबार किया
तेरी राहों में हर बार रुक कर
हम ने अपना ही इन्तज़ार किया
अब ना माँगेंगे जिन्दगी या रब
ये गुनाह हम ने एक बार किया
गुलजार - Gulzar
-Poem Gazal Shayari
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